कर सके तो किसी से प्यार करके देख
जीना अपना फिर दुश्वार कर के देख
बीत न जाए ये बारिशें भी बस यूँ ही
हिम्मत कर ज़रा इज़हार कर के देख
मिलने की कीमत अक्सर तभी समझ आती है
ज़रा किसी का इन्तेज़ार कर के देख
माना खता खूब खाई है अपनो से 'मधुकर'
इक बार फिर जिंदगी पे ऐतबार कर के देख
नफरतों से कोई नही जीत पाया दुनिया
मोहब्बत इक बार बेशुमार कर के देख
नरेश मधुकर

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